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आज का जोक

आज का जोक एक ब्लॉगिंग वेबसाइट है जिसमें विभिन्न विषयों पर शब्दों को एक कड़ी में पिरो कर उसे पाठकों तक पहुंचाने का कार्य हमारी टीम द्वारा किया जाता है| जिसमें बहुत से लेखक और लेखिकाएं कार्य करते हैं, जो अपने-अपने ढंग के अनुसार विभिन्न विषयों पर जोक्स बनाते हैं| इन सब की लेखन में रुचि और विनोदी स्वभाव होने के कारण यह लोगों को अपने चुटकुलों के द्वारा तनाव से मुक्ति और आनंद प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं|

व्यंग्य साहित्य की एक ऐसी विधा है, जिसमें किसी विषय पर हास्यास्पद प्रस्तुति का प्रभाव रहता है| ब्रह्म आनंद के रूप में सभी प्राणियों में निवास करता है| उस आनंद की अनुभूति ही जीवन का परम लक्ष्य है| हमारे कृष्ण भगवान रास रचाते हैं, लीलाएं दिखाते हैं, होली में रंग गुलाल उड़ाते हैं तो सावन में झूला भी झूलते हैं| इन सब लीलाओं को देखकर भक्त आनंद का अनुभव करते हैं| नृत्य और गायन भी एक ऐसी ही विधा है, जिसमें प्राणी के मन में आनंद का सागर हिलोरे लेने लगता है|

भारतीय संस्कृति में हास्य व्यंग्य की धारा वेदों के समय से जीवंत है| लोक गीतों में भी हंसी-मजाक का विशेष योगदान है| आज का हास्य-विनोद समाज की विसंगतियों का आईना है| बेरोजगारी, जातीय-विद्वेष, महंगाई और धार्मिक उन्माद के तनावपूर्ण माहौल को कम करने में आज का जोक ऑक्सीजन के रूप में शुद्ध हास्य की उत्तम कृति है| इसमें कई साहित्यकारों ने व्यंग्य और उपहास के माध्यम से सुधारवादी सामाजिक चेतना जगाने का प्रयत्न किया है| नाटक, कविता और उपन्यास भी इसका ही एक माध्यम है|

मैं कौन हूँ : Sanjeev Gulati

मेरा नाम संजीव गुलाटी है और मैं दिल्ली शहर का रहने वाला हूं| मैं दिल्ली यूनिवर्सिटी से कॉमर्स में ग्रेजुएट और अब स्टॉक मार्केट में सबब्रोकर के रूप में कार्यशील हूँ| मैं अपने परिवार के साथ पंजाब के फिरोजपुर जिले में रहता था| एक ऐसी मस्त जिंदगी जिसमें हम सुखी-संपन्न एवं खुशहाल परिवार की श्रेणी में आते थे| मेरे पिताजी जाने-माने व्यापारी थे, परंतु पंजाब में विपरीत परिस्थितियों के चलते हमें सन् 1990 में दिल्ली आना पड़ा| हमें अपने व्यवसाय और मकान को औने-पौने दाम में बेचकर आना पड़ा| यहां आकर हमें नए व्यवसाय को शुरू करना था| पिताजी ने मेडिसिन का व्यवसाय शुरू किया, जो बहुत अच्छा चल रहा था| परंतु सन् 2002 में अपनों के धोखे के चलते व्यवसाय में बहुत बड़ा नुकसान हुआ| जिससे हमें उस व्यवसाय को बंद करना पड़ा|

फिर जीवन में एक शून्यता आ गई| उस उधेड़बुन में 2 साल लग गए| हमारी सबसे बड़ी हिम्मत हमारे अपने होते हैं, जिनके सहयोग और नए जोश के साथ फिर व्यापार का मन बनाया और पार्टनरशिप में शेयर ब्रोकर का व्यापार शुरू किया| अगर सोच और समझदारी से योजना को कार्यान्वित किया जाए तो शेयर बाजार में बिना किसी बाधा के एक सुसंगत बिजनेस किया जा सकता है| ट्रेडिंग में सफलता आपके आत्मविश्वास को बढ़ाती है| लेकिन आत्मविश्वास और अति विश्वास के बीच एक अंतर है| एक और लाइफ चेंजिंग घटना थी और चुनौतियां भी बहुत थी, लेकिन अपनों के साथ से आज सफल शेयरब्रोकर हूं| जिंदगी अब खुशहाल थी|

Sanjeev Gulati is founder of blog Aaj Ka Joke of

कैसे बना मैं एक ब्लॉगर ?

सन् 2020 में करोना काल ने जहां विश्व की अर्थव्यवस्था पर असर डाला वही जीवन के प्रत्येक क्षेत्र को झकझोर डाला| भागती-दौड़ती जिंदगी में अचानक लगे ब्रेक और कोरोना वायरस के डर ने लोगों के मानसिक स्वास्थ्य पर प्रभाव डालना शुरू कर दिया| इसी बीच चिंता, डर, अकेलापन और अनिश्चिता का माहौल बन गया, जिसमें लोग हंसना भूल गए| इस तनाव का असर शरीर के साथ दिमागी भावनाओं और व्यवहार पर पड़ने लगा| तनाव अंतहीन होता है| पूरे विश्व में कोरोना की भयावह गूँज ही विद्यमान थी| मनुष्य-मनुष्य से दूरी बना रहा था| असंख्य मृत्यु के तांडव में अपनों को खोने का दर्द, कुंठा और अवसाद प्रत्येक मनुष्य की आत्मा को झकझोर रहा था| अपनों के प्रति उदासीनता हर क्षेत्र में अवनति की ओर अग्रसर थी| उसी समय हमने अपने Youtube Channel की शुरुआत की, जिसमें साधारण चुटकुलों को कविता के रूप में प्रस्तुत किया|

मनोवैज्ञानिकों का मानना है कि तनाव को दूर करने के लिए हंसना संजीवनी बूटी है, जिससे मनुष्य अपनी सारी समस्याओं को भूल कर खुशी का अनुभव करता है| वह उन उन्माद रूपी लहरों के साथ कल्पना के नए शिखर पर पहुंच जाता है| इसीलिए इस तनाव को दूर करने के लिए और जीवन में कुछ नया करने के लिए मन में ब्लॉगिंग का विचार आया|

हंसी ही एक ऐसी दवा है जो लोगों को तनाव मुक्त कर सकती है| हंसमुख व्यक्ति जीवन में आने वाली चुनौतियों का सामना हंसते-खेलते कर लेता है| हमने अपने जोक्स में काव्य शैली का प्रयोग किया है जो एक नया रूप लेकर श्रोताओं को नया आयाम देता है| यह प्रयास ही आज का जोक वेबसाइट का उद्देश्य है|

Achala Gulati :

आज हमारे साथ अनगिनत श्रोता जुड़ चुके हैं| हमारा प्रयास उनकी कुंठा को शांत कर, सकून भरे खुशी के पलों से सराबोर करना है| इस कार्य में मेरी पत्नी अचला गुलाटी एक लेखिका के रूप में कार्यरत है| उन्होंने हिंदी में Delhi University से M.A. कर रखा है| हिंदी पर अच्छी पकड़ है और साथ ही उनको लेखन का शौंक है| सारी नकारात्मक सोच को पीछे छोड़ आज का जोक समाज कल्याण के उद्देश्य के लिए प्रस्तुत है| अपने अनुभवों और अपनी टीम के सहयोग में आज का जोक नए युग की शुरुआत है| मेरी वाइफ को पढ़ाई में रुचि के साथ-साथ लिखने का भी शौंक बचपन से था| हमने जोक्स को कवितामय रूप में प्रस्तुत किया जो प्रत्यक्ष रूप से दिल में उतर सके और जुबान पर चढ़ जाए| समय के साथ उन्हें यह प्लेटफार्म मिला, जहां वह अपने बचपन के सपनों को पूरा कर पा रही है और आज का जोक ब्लॉग बनाने में प्रमुख भूमिका निभा रही हैं|

Geetu Khanna :

हमारी दूसरी लेखिका गीतू खन्ना मार्गदर्शक के साथ-साथ एडिटिंग के काम में भी इस टीम को अपना संपूर्ण योगदान दे रही हैं| आज के जोक में गागर में सागर भरने का कार्य उन्हीं की देख-रेख में हो रहा है|

अन्य महत्वपूर्ण सदस्य :

एडिटिंग में सहयोग देने के लिए पारुल कथूरिया, रीतिका कथूरिया और गौरांश कथूरिया ने भी अपनी आवाज से आज के जोक को श्रोताओं तक पहुंचाने में सहयोग दिया है|

मेरी पूरी टीम आप सबकी आभारी है, कि आपने हमें इतना प्यार और सम्मान दिया|आपके प्यार के कारण ही हम आज प्रत्येक विषय पर शब्दों को एक माला में रूपांतरित कर आपके होठों पर मुस्कान लाने में सक्षम हुए हैं|अपने पाठकों की रुचि अनुरूप कंटेंट लिखते हैं| मुझे इस बात की खुशी है कि मेरी कोशिश मेरे पाठकों को कुछ खुशी के पल दे रही है|

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